Nehodí se? Vůbec nevadí! Zboží můžete vrátit až do 30 dní
S dárkovým poukazem nešlápnete vedle. Obdarovaný si za dárkový poukaz může vybrat cokoliv z naší nabídky.
Až 30 dní na vrácení zboží
इस पुस्तक का मूल संदेश यह है कि मनुष्य स्वयं अच्छाई की ढाल बनकर बुराई से संघर्ष कर सकता है। बुद्ध ने अपने समय की सामाजिक, नैतिक और मानसिक समस्याओं का समाधान केवल वैचारिक उपदेशों के माध्यम से नहीं, बल्कि अपने जीवन-अनुभव और करुणामय दृष्टि के आधार पर प्रस्तुत किया। उन्होंने जीवन और जगत-दोनों को स्वीकार किया, उनसे पलायन नहीं किया। इसी कारण बुद्ध का धम्म जीवन-विरोधी नहीं, बल्कि जीवन-पोषक और जीवन-समर्थक है। जीवन की मूल समस्याओं-दुख, असंतोष और अस्थिरता का समाधान बुद्ध द्वारा प्रतिपादित चार आर्य सत्यों (अरियसच्च) में निहित है। आज की वैश्विक परिस्थितियों में शांति, करुणा और अहिंसा पर आधारित यह धम्म पहले से कहीं अधिक प्रासंगिक हो गया है।
Ahoj! Jsem Libroamiko, tvůj knižní rádce.
Jak ti můžu pomoct?